
नई दिल्ली(16 नवंबर 2019)- सरकार शीतकालीन सत्र की तैयारियों को लेकर बेहद गंभीर है। संसद में शीतकालीन सत्र से पहले ही लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की अध्यक्षता और प्रधानमंत्री मोदी की मौजूदगी में सर्वदलीय बैठक बुलाकर विपक्ष से समन्वय बनाने की दिशा में कदम उठाए गये हैं। इस मौके पर विपक्ष ने बेरोजगारी, मंदी और प्रदूषण पर हो चर्चा किये जाने की मांग उठाई है। इस मौके पर पीएम मोदी भी पहुंचे थे।
शीतकालीन सत्र से पहले सर्वदलीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए ओम बिरला ने सभी दलों के नेताओं से सदन को सुचारू रूप से चलाने में सहयोग की अपील की है। विपक्ष ने इस बैठक में मंदी, प्रदूषण और बेरोज़गारी पर चर्चा की मांग उठाई है। सर्वदलीय बैठक में एआईएमआईएम यानि ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लमीन के अध्यक्ष और सासंद असदउद्दीन ओवैसी भी मौजूद थे। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की सदन को सुचारू रूप से चलाने की अपील के बाद विपक्षी दलों ने कहा कि इस सत्र में मंदी, प्रदूषण बेरोजगारी और कृषि संकट जैसे मुद्दों पर चर्चा करनी चाहिए। ख़बरों के मुताबिक संसदीय पुस्तकालय भवन में आयोजित इस सर्वदलीय बैठक में अधिकतर पार्टियों ने मांग उठाई कि उनको सदन में अपनी बात रखने का पूरा मौका मिलना चाहिए।
शीतकालीन सत्र से पहले बुलाई गई सर्वदलीय बैठक के बाद लोकसभाध्क्ष ओम बिरला ने बताय़ा कि अलग अलग दलों के नेताओं ने जो मुद्दे उठाए हैं उन पर कार्य मंत्रणा समिति में चर्चा की जाएगी और जितना हो सकेगा उतने मुद्दों को हम सदन की कार्यवाही में जगह देने की कोशिश भी करेंगे।