jee & neet के एग्जाम्स को लेकर राजनीतिक गर्माने लगी है। सोनिया गांधी समेत कई विपक्षी नेताओं ने इस पर सरकार को धेरने का मन बना लिया है। दिल्ली की शिक्षा मंत्री मनीष शोशदिया ने इस एग्जाम्स को लेकर दोबारा सोचने और कोई विकल्प तलाशने की मांग की है। तो सोनिया गांधी को भी छात्रों की हमदर्दी के नाम पर कोई मुद्दा हाथ लगता नज़र आने लगा है। सोनिया गांधी ने गैर भाजपाई मुख्यमंत्रियों के साथ इस मामले पर रणनीति बनाने की कोशिश की है ताकि बीजेपी के केंद्र सरकार को घेरा जा सके। इस मीटिंग में बीजेपी के निशाने पर चल रहे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और कभी बीजेपी के केंद्र और राज्य में सहयोगी रहे शिव सेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने कहा कि अब हमें तय करना होगा कि लड़ना है कि डरना है। उधर पंजाब के सीएम कैप्टन अमरेंद्र सिंह ने भी कहा कि एग्जाम्स को सिंतबर में प्रस्तावित एग्जाम्स को टालने की मांग को लेकर प्रधानमंत्री को तीन बार चिठ्ठी लिखी जा चुकी है। साथ ही ममता बनर्जी ने भी सुप्रीमकोर्ट जाने या प्रधानमंत्री से बात करने की रणनीति को इंतिम रुप देने की राय रखी। सोनिया गांधी के साथ इस ऑनलाइन मीटिंग में झारखंड छत्तीसगढ़ समेत 10 गैर भाजपाई प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों ने हिस्सा लिया है। कुल मिला कर जेईई और नीट एग्जाम्स को लेकर देश की राडनीति और गर्माने की संभावना है और विपक्ष को एक प्लेटफार्म आने के लिए शायद कोई मुद्दा हाथ लग गया है।
neet-jee #neetandjee #neet&jee #neet2021news #azadkhalid #newswithazadkhalid

